राष्ट्रमत न्यूज,नई दिल्ली(ब्यूरो)। दिल्ली पुलिस ने लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा और अन्य लोगों के खिलाफ आकाशवाणी कार्यालय में कथित तौर पर जबरन प्रवेश करने के मामले में एफआईआर दर्ज की है। पुलिस के मुताबिक, इस संबंध में शिकायत प्राप्त हुई थी, जिसमें राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा समेत कई सांसदों पर आकाशवाणी कार्यालय में जबरन प्रवेश करने का आरोप लगाया गया है।

राहुल ने मार्च निकालने कोई परमिशन नहीं ली
दिल्ली पुलिस ने दावा किया था कि उन्हें सोशल मीडिया के जरिए पता चला कि INDIA ब्लॉक के नेता, 6 अक्टूबर को सुबह करीब 10:30 बजे संसद भवन से निर्वाचन आयोग (ECI) के कार्यालय की ओर मार्च निकालेंगे।उन्होंने कहा कि इसके लिए कोई आवेदन नहीं दिया गया था, इसलिए हमारी तरफ से कोई परमिशन जारी नहीं की गई थी। इस जमावड़े को BNS की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा के उल्लंघन की आशंका के चलते सुरक्षा व्यवस्था की गई थी।

प्रदर्शन खत्म कराने की तैयारी की
दरअसल, मंगलवार को विपक्षी सांसद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और SIR के विरोध में चुनाव आयोग तक ‘सेव डेमोक्रेसी’ मार्च निकाल रहे थे। पुलिस ने रास्ते में बैरिकेड लगाए और नेताओं को बसों में बैठाकर प्रदर्शन खत्म कराने की तैयारी की।

सागर रत्ना रेस्टोरेंट में लंच पर बुलाया
इसी दौरान राहुल गांधी और प्रियंका गांधी अचानक बस से उतरकर आकाशवाणी भवन के अंदर चले गए। दोनों परिसर में बरगद के पेड़ के नीचे धरने पर बैठ गए।वहीं, आज कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने INDIA ब्लॉक के सांसदों को दोपहर 1:30 बजे दिल्ली के जनपथ स्थित सागर रत्ना रेस्टोरेंट में लंच पर बुलाया है। इस बैठक में सभी सांसद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से मिलने का समय मांगने के लिए एक चिट्ठी पर दस्तखत करेंगे।

एफआईआर दर्ज कर ली गई है
दिल्ली पुलिस ने बताया कि शिकायत के आधार पर मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। हालांकि, एफआईआर में किन-किन धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है, इसकी जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। पुलिस ने कहा कि मामले में आगे की जानकारी जांच के बाद सामने आएगी। अधिकारियों के मुताबिक, फिलहाल मामले से जुड़ी अन्य जानकारियों का इंतजार है।