राष्ट्रमत न्यूज ग्रेटर नोएडा(ब्यूरो)।यमुना एक्सप्रेसवे पर चलती स्लीपर बस में भीषण आग लग गई। दर्दनाक बस हादसे में नौ यात्री जिंदा जल गए। 20 यात्रियों को सुरक्षित बचाया गया है। जबकि कई यात्रियों ने बस से कूदकर जान बचाई। बस चालक और परिचालक पर लापरवाही से बस चलाने का आरोप लगा है। यात्रियों ने बस में बदबू आने पर ड्राइवर को अलर्ट भी किया लेकिन वो बस नहीं रोका।

अपने केबिन में बीड़ी/सिगरेट पीते रहे
उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर जिले में यमुना एक्सप्रेस-वे पर देर रात दर्दनाक घटना हुई। दिल्ली से महोबा जा रही एक स्लीपर बस में यमुना एक्सप्रेसवे पर भीषण आग लग गई। बस में सवार नौ यात्रियों की मौत हो गई। हादसे में कई यात्री गंभीर रूप से झुलस गए।आरोप है कि चालक ने बस को तत्काल रोककर उसकी जांच नहीं की। चालक और परिचालक अपने केबिन में बीड़ी/सिगरेट पीते रहे। कुछ ही समय बाद ड्राइवर सीट के पास से अचानक तेज आग की लपटें निकलने लगीं।अभी तक मृतकों में दो लोगों की पहचान हुई है। देवेंद्र भारद्वाज (60) हिसार हरियाणा के रहन वाले थे और हरिशरण गुप्ता (55) उरई के रहने वाले थे। देवेंद्र भरद्वाज की पत्नी रेखा भारद्वाज अभी आरोग्य अस्पताल में भर्ती है। उनका इलाज जारी है।
यात्री सुनील ने आरोप लगाया कि यात्रियों ने शोर मचाकर चालक से बस रोकने के लिए कहा, लेकिन चालक और परिचालक सवारियों को धमकाने लगे। ‘मरना है तो मरो, बस नहीं रोकेंगे।’ तब तक आग तेजी से बस के चारों ओर फैल गई और बस के अंदर धुआं भर गया। हादसे की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की गाड़ियां मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। बस चालक और परिचालक पर लापरवाही से बस चलाने का आरोप लगा है। एक यात्री ने एफआईआर दर्ज कराते हुए पूरे घटनाक्रम का जिक्र किया है।
माइलस्टोन के पास आग लग गई
बुधवार और गुरुवार की दरमियानी रात हुई इस घटना में 20 यात्रियों को सुरक्षित बचा लिया गया। चीफ फायर ऑफिसर प्रदीप कुमार ने बताया कि रजिस्ट्रेशन नंबर BR32PA8647 वाली बस नई दिल्ली के कश्मीरी गेट से महोबा जा रही थी, तभी जेवर पुलिस स्टेशन इलाके में एक्सप्रेसवे पर 33-किमी माइलस्टोन के पास उसमें आग लग गई।

मरना है तो मरो, बस नहीं रोकेंगे’
यात्री सुनील कुमार पुत्र बद्रीप्रसाद, निवासी मोहल्ला खुशीपुरा, थाना राठ, जिला हमीरपुर ने मामले में एफआईआर दर्ज कराई है। यात्री सुनील के मुताबिक, दिल्ली के कश्मीरी गेट से राज कल्पना ट्रेवल्स की बस रजि० नं० BR32PA8647 द्वारा राठ जाने के लिए सवार हुआ था। बस में करीब 30-35 यात्री मौजूद थे।रात में करीब 23.30 बजे बस जैसे ही नोएडा से आगरा यमुना एक्सप्रेस-वे किलोमीटर 33 के पास पहुंची, तभी बस के केबिन से जलने की बदबू आने लगी। बस में सवार कुछ यात्रियों ने इसकी जानकारी चालक और परिचालक को दी, लेकिन चालक ने इस गंभीर स्थिति को नजरअंदाज कर दिया। जब पुलिस और फायर सर्विस के कर्मचारी धुएं के बीच बस के अंदर गए तो नौ लोग मृत पाए गए; ऐसा लगता है कि उनकी मौत जलने या दम घुटने से हुई है।

नौ लोगों की पहचान करने की कोशिश
कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच से पता चला है कि बस के एयर-कंडीशनिंग सिस्टम में चिंगारी या धमाके की वजह से इंजन के लुब्रिकेंट ऑयल में आग लग गई होगी, जिसके बाद आग तेज़ी से फैल गई। पुलिस ने बताया कि वे मारे गए नौ लोगों की पहचान करने की कोशिश कर रहे हैं।

हर संभव मदद देने का भी निर्देश
पुलिस ने एक बयान में कहा, “संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और ड्राइवर व कंडक्टर को हिरासत में ले लिया गया है। पुलिस ने बताया कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लिया है और मृतकों के परिवारों को 2-2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। उन्होंने अधिकारियों को घायलों के सही इलाज और पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद देने का भी निर्देश दिया है।


