राष्ट्रमत न्यूज रीवा(ब्यूरो)। रीवा के नवीन न्यायालय परिसर में सोमवार को न्याय दिलाने वाले वकील अपने न्याय के लिए प्रदर्शन किया। नारे बाजी की। इतना ही नहीं अपनी मांगों को लेकर अधिवक्ता धरने पर बैठ गये। अधिवक्ताओं का आरोप है कि यहां दोहरा बर्ताव किया जा रहा है। पिछले चार माह से लगातार पार्किंग सुविधा,पेयजल व्यवस्था,बैठने की व्यवस्था के अलावा अन्य सुविधाओं की मांग की तरफ ध्यान दिलाया जा रहा था, लेकिन उसे अनदेखा किया जा रहा है। शौचालय तक की व्यवस्था नहीं है। न्यायिक कार्यो में बाधा आ रही है। इससे नाराज होकर आज सैकड़ों की संख्या में अधिवक्ताओं ने काम बंद कर दिया। और वहीं पुलिस के आलाअफसर पहुंचकर कहा कि जिसकी भी गाड़ियां परिसर में है हटा लें नहीं तो उनके खिलाफ चालानी कार्रवाई की जाएगी। इससे भी अधिवक्ता नाराज हुए।

वकील जिद पर अड़े रहे
अधिवक्ता अपनी मूल भूत मांगों को लेकर प्रदर्शन और नारेबाजी की। पार्किग और मूलभूत सुविधाओं की कमी से नाराज वकीलों ने कामकाज ठप कर दिया। अधिवक्ताओं के प्रदर्शन के चलते पेशी पर आए पक्षकारों को परेशानी का सामना करना पड़ा। अधिवक्ता अपनी समस्याएं सुनने के लिए प्रधान न्यायाधीश को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। प्रधान न्यायाधीश के प्रतिनिधि ने अधिवक्ताओं की मांगों को सुनने के बाद उन्हें समझाइश भी दिये लेकिन वकील अपनी जिद पर अड़े रहे।

अधिवक्ताओं का आरोप
अधिवक्ता अनूप सिंह ने कहा कि यहां कोर्ट का नवीन भवन बनने के बाद से लगातार परेशानियां आ रही है। वकीलों के साथ भेदभाव किया जा रहा है। किसी तरह वकील लान मे बैठकर वकालत कर रहे हैं। वकीलों को प्रताड़ित किया जा रहा है। लेकिन समस्याओं के निराकरण की पहल आज तक नहीं की गयी। सबसे अधिक परेशानी है अधिवक्तओं के बैठने की। पिछले चार महीनों से लगातार पार्किंग और मूलभूत सुविधाओं की समस्याओं को अधिवक्ता उठा रहे हैं। पार्किंग के लिए पर्याप्त जगह नहीं होने से रोजाना विवाद की स्थिति बनती है। इसके अलावा पेयजल,शौचालय और बैठने की उचित व्यवस्था नहीं होने की वजह से न्यायिक कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।

पूरा व्यौरा दिया जाए
वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने कहा कि एक पुलिस अफसर ने कहा कि अधिवक्ता अपने वाहन हटा लें नहीं तो उनके वाहन पंचर कर देंगे। वाहन का चालान किया जाएगा। नाम लेकर कहा जा रहा था। धमकी दी जा रही है। शासन और माननीय न्यायालय की ओर से भी कोई व्यवस्था नहीं की जा रही है। किसी कोे भी अदंर नहीं जाने देंगे।किसके आदेश से अंदर आकर पुलिस अफसर आकर मुनादि किये हैं। उसका पूरा व्यौरा दिया जाए।अधिवक्ताओं का कहना है कि जब तक समुचित कार्यवाही नहीं होगी हम लोग काम बंद करे रहेंगे।किसी को अंदर नहीं जानें देंगे।

आदेश का इंतजार
अधिवक्ताओं अपनी मांगों को लेकर काम बंद करके प्रदर्शन कर रहे हैं। जिसके चलते कोर्ट के मामले की सुनवाई नहीं हो सकी। घटनाक्रम से कोर्ट परिसर में अव्यवस्था का माहौल बना हुआ है। अधिवक्ताओं ने भी चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन उग्र किया जाएगा। वहीं पुलिस अफसरों का कहना हैै कि उच्चाधिकारी के आदेश का इंतजार कर रहे हैं। जैसा आदेश मिलेगा वैसी कार्रवाई की जाएगी। यातायात प्रभारी ने अधिवक्ताओं के वाहनों का चालान करने के लिए कहा तो बगैर आदेश के ऐसा नहीं कहेंगे। अभी देखते हैं कि ऊपर से क्या आदेश मिलता है।