भीख मांगने वाले बच्चों को शिक्षित कर रही है विनायती कल्याणकारी संस्था - rashtrmat.com

भीख मांगने वाले बच्चों को शिक्षित कर रही है विनायती कल्याणकारी संस्था

राष्ट्रमत न्यूज,बालाघाट(ब्यूरो)। समाज के हाशिये पर खड़े बच्चों के जीवन में नई रोशनी लाने का एक प्रेरणादायी प्रयास इन दिनों प्रबुद्ध विनायती कल्याणकारी संस्था ने किया। संस्था भिक्षावृत्ति और कूड़ा.पन्नी बीनने जैसे कार्यों में लिप्त बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने का काम कर रही है।


बच्चों को शिक्षित कर रहें
वन स्टाप सेंटर प्रशासक सुश्री रचना चैधरी ने बताया कि संस्था की टीम ने बालाघाट बस स्टैंड, प्रमुख चैक.चैराहों एवं सार्वजनिक स्थलों पर दिनभर भीख मांगने या कचरा बीनने वाले बच्चों को चिन्हित कर उन्हें शिक्षा के प्रति जागरूक कर रही है। इस पहल का नेतृत्व संस्था के रमाई खुला आश्रय गृह बालाघाट के परियोजना समन्वयक शिवगिरी गोस्वामी कर रहे हैं। जो पिछले एक माह से लगातार बच्चों तक पहुंचकर उन्हें पढ़ाई से जोड़ने का कार्य कर रहे हैं।
अध्ययन केन्द्र संचालित
रेलटोली गर्रा क्षेत्र में संस्था एक अध्ययन केंद्र संचालित किया गया है। जहाँ 6 से 18 वर्ष आयु वर्ग के लगभग 50 ऐसे बच्चों को शिक्षित किया जा रहा है। जो किसी कारणवश स्कूल छोड़ चुके थे या नियमित रूप से विद्यालय नहीं जा रहे थे। इन बच्चों की नियमित काउंसलिंग कर उन्हें पुनः विद्यालय से जोड़ा जा रहा है। जो बच्चे लंबे समय से शिक्षा से दूर थे, उन्हें बेसिक शिक्षा देकर पढ़ाई के महत्व के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
पारिवारिक काउंसलिंग की जा रही
संस्था केवल औपचारिक शिक्षा तक ही सीमित नहीं है,बल्कि बच्चों को सांस्कृतिक गतिविधियों, खेलकूद तथा अच्छे.बुरे व्यवहार की समझ विकसित करने हेतु भी प्रेरित कर रही है। इससे बच्चों में आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच का विकास हो रहा है। बच्चों के परिवारों से संपर्क कर पारिवारिक काउंसलिंग भी की जा रही है, ताकि वे अपने बच्चों के भविष्य को लेकर जागरूक बनें और उन्हें जीवन की चुनौतियों का सामना करने योग्य बना सकें। संस्था प्रमुख निशा गणवीर और सचिव शुद्धोधन सहारे द्वारा शासन की विभिन्न योजनाओं से बच्चों और उनके परिवारों को जोड़ने का प्रयास भी किया जा रहा है। इसके अंतर्गत दस्तावेज दुरुस्त कराना, शासकीय योजनाओं की जानकारी देना और लाभ दिलाना शामिल है।