जनसुनवाई में ग्रामीणों ने कलेक्टर से सड़क नहीं होने की शिकायत की - rashtrmat.com

जनसुनवाई में ग्रामीणों ने कलेक्टर से सड़क नहीं होने की शिकायत की

 राष्ट्रमत न्यूज,बालाघाट(ब्यूरो)। जनसुनवाई में आज 60 आवेदक आए थे। ज्यादातर लोगों ने अपने गांव में सड़क नहीं होने की शिकायत की। ग्राम पंचायत करोदाबहेरा और गांव बूढ़ी के लोगों ने सड़क की मांग की ।जनसुनवाई में बिरसा विकासखंड के अंतर्गत ग्राम पंचायत करोंदाबहेरा के ग्रामीण करोंदाबहेरा से मानेगांव सरहद तक प्रधानमंत्री ग्राम सडक योजना में सडक निर्माण की मांग लेकर आये थे। ग्रामीणों का कहना था कि उनका क्षेत्र नक्‍सल प्रभावित क्षेत्र रहा है और इस क्षेत्र के 10 से 15 गावों के लोगो एवं पढने वाले बच्‍चों को लगभग 09 किमी की दूरी तय कर मानेगांव जाना पडता है। उनके द्वारा पिछले 03, 04 वर्षों से इस सडक निर्माण के लिए आवेदन किया जा रहा है। अत: इस सडक को शीघ्र स्‍वीकृति प्रदान की जाए। इसी प्रकार की मांग लेकर ग्राम पंचायत चीचगांव के ग्रामीण भी आए थे। उनकी मांग थी कि ग्राम पंचायत सुरवाही, चिचगांव एवं रमगढी तक प्रधानमंत्री सडक निर्माण की सडक बनायी जाए।

सडक अत्‍यंत जर्जर है

विकासखंड किरनापुर के ग्राम सहारेबूढी के ग्रामीण ग्राम पंचायत बूढी तक 1.5 किमी लंबाई की सडक निर्माण की मांग लेकर आए थे। ग्रामीणों ने बताया कि उनके गांव से बूढी आने वाली सडक अत्‍यंत जर्जर है जिसके कारण आवागमन में परेशानी होती है। बिरसा विकासखंड की ग्राम पंचायत टिंगीपुर के सरपंच प्रेम मरकाम रोजगार सहायक अशोक कुमार पटले को उनकी पंचायत से हटाने की मांग लेकर आए थे। सरपंच का कहना था कि रोजगार सहायक का ग्रामीणजनों के साथ सही तालमेल नही है, उनकी पंचायत में आदिवासी बैगा जनजाति और पिछडा वर्ग के लोग रहते है। रोजगार सहायक द्वारा सरपंच एवं पंचों से पुछे बगैर कोई भी कार्य अपनी मनमर्जी से कराया जा रहा है और सरपंच पंच से जबरदस्‍ती बिलों में हस्‍ताक्षर करने कहा जाता है। ग्रामीण रोजगार सहायक की कार्यप्रणाली से असंतुष्‍ट है अत: उसे शीघ्र टिंगीपुर पंचायत से हटाकर अन्‍य स्‍थान पर नियुक्‍त किया जाए।

शराब दुकान स्थानांतरित करें

वार्ड नं. 24 सुरभि नगर बालाघाट के नगरवासी बालाघाट इंग्लिश स्‍कूल की बाउर्ण्‍डी वाल एवं रहवासी मकानों से लगी देशाी/विदेशी शराब दूकान को अन्‍यत्र स्‍थापित करने की मांग लेकर आए थे। नगरवासियों का कहना था कि इस दूकान के रहने से उनसे लगे समस्‍त रहवासी परिवारों को बडी कठिनाईयों का सामना करना पडता है।