शिशु की मौत पर CHMO ने लेडी डाॅक्टर को दिया क्लीन चिट - rashtrmat.com

शिशु की मौत पर CHMO ने लेडी डाॅक्टर को दिया क्लीन चिट

राष्ट्रमत न्यूज,बालाघाट (ब्यूरो)। बालाघाट जिला अस्पताल में 20 दिनों के भीतर दो शिशुओं की मौत के बाद सीएचएमओ डॉ. परेश उपलप ने कोई कार्रवाई डाॅक्टरों के खिलाफ नहीं किया बल्कि उनका पक्ष लेते हुए सफाई दी।उन्होंने दो टुक प्रेस से कहा कि भारी रक्त स्त्राव होने से गर्भस्थ शिशु की मौत हुई है। यह आरोप गलत है कि समय पर ऑपरेशन नहीं होने से शिशु की मौत हुई है।


लेडी डाॅक्टर की गलती नहीं
गर्भवती महिला झरना का सीजर ऑपरेशन समय पर नहीं किये जाने से उसका बच्चा गर्भ में ही मर गया था। डॉ. रश्मि बाघमारेने कहा था 11 नवम्बर को मरीज के परिजनों से कहा था कि मेरी ड्यूटी खत्म हो गयी मैं आपरेशन नहीं करूंगी। दूसरी डाॅक्टर आयेंगी वही ऑपरेशन समय पर नहीं होनो से गर्भस्थ शिशु की मौत हो गयी थी।

20 दिन के अंदर दो शिशुओं की मौत पर लोगों ने नाराजगी जताई है।
CHMO दी सफाई
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी सीएचएमओ डाॅ परेश उपलप ने प्रेस को अपनी सफाई दी है। उन्होंने 1 दिसंबर की घटना के बारे में बताया कि एक प्रसूता को सुबह 4 बजे भारी रक्तस्राव की शिकायत के साथ 6.55 बजे जिला अस्पताल के ट्रामा यूनिट के प्रसव वार्ड में भर्ती कराया गया था। उस समय मां के गर्भ में भू्रण की कोई हलचल नहीं थी।
बच्चा गर्भ में मर गया था
सीएचएमओ ने कहा कि सुबह 7 बजे डाॅ रश्मि बाघमारे ने प्रसूता की जांच की। उन्होंने महसूस किया कि भू्रण के दिल की कोई आवाज नहीं आ रही थी। जिससे उन्हें आशंका हुई कि बच्चे की गर्भाशय के अंदर ही मौत हो चुकी है। डाॅ बाघमारे ने आशा कार्यकर्ता प्रसूता और उसके रिश्तेदारों को स्थिति समझाई और सभी को यकीन हो गया था कि बच्चा गर्भ में मृत है।


शिशु की मौत की वजह भारी रक्तस्त्राव
डाॅ रश्मि बाघमारे सिजेरियन ऑपरेशन करने के लिए तैयार थीं लेकिन भारी रक्तस्राव के कारण उन्होंने पहले रक्त की व्यवस्था करने को कहा। जब तक रक्त की व्यवस्था हुई डाॅ बाघमारे की ड्यूटी खत्म हो चुकी थी और डाॅ श्रद्धा बारमाटे ड्यूटी पर आ चुकी थीं। इसके बाद डॉण् बारमाटे ने महिला का सिजेरियन किया और सुबह 10.30 बजे मृत शिशु को निकाला।डाॅ उपलप ने इस बात पर जोर दिया कि समय पर ऑपरेशन न होने से शिशु की मौत का आरोप गलत है। उन्होंने डाॅक्टर रश्मि का पक्ष लेते हुए कहा कि आशा कार्यकर्ता डाॅक्टरों के साथ अनावश्यक बहस कर रही थीं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *