♠16 बच्चों की मौत के जिम्मेदार
डिप्टी सीएम राजेन्द्र शुक्ला हैं
♥ राजेन्द्र शुक्ला ने ऐसा क्यों कहा कि
कोल्ड्रिफ सिरप अमानक नहीं,बताएं
राष्ट्रमत न्यूज,रीवा(ब्यूरो)। जिला कांग्रेस अध्यक्ष इंजीनियर राजेन्द्र शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री डाॅ मोहन यादव को चाहिए कि जमीन बेचो मंत्रालय अलग से बना कर उसका डिप्टी सीएम राजेन्द्र शुक्ला को बना दें। इसलिए कि स्वास्थ्य मंत्री होने के बाद भी इन्हें प्रदेश के स्वास्थ्य से कोई सरोकार है नहीं। स्वास्थ्य विभाग तो सचिव और जिले के डीन चला रहे हैं। जिस कोल्ड्रिफ सिरप को तमिलनाडु सरकार ने बैन कर दिया है,उसे मध्यप्रदेश में धड़ल्ले से बेचा जा रहा था।जाहिर सी बात है कि इस मामले में मंत्री की स्वीकृति थी।तभी तो कल तक स्वास्थ्य मंत्री राजेन्द्र शुक्ला स्वयं कह रहे थे कि सिरप सही है।अमानक नहीं है। यदि दो सितम्बर को शिवम राठौर की मौत को डिप्टी सीएम गंभीरता से लेते तो 15 और मासूम बच्चों की मौत न होती।

मंत्री की आत्मा यहां घूमती है
इंजीनियर राजेन्द्र शर्मा ने कहा कि सुबह-सुबह डिप्टी सीएम राजेन्द्र शुक्ला अटल पार्क में अपने व्यापारी मित्रों के साथ घूमते हैं। मार्निग वाॅक तो संजय गांधी अस्पताल तक भी हो सकती है। संजय गांधी और सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में ये केवल फीता काटने जाते हैं। जिले के किसी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में कभी नहीं जाते। जानते हैं,वहां जाएंगे तो इनके विकास का फटा पोस्टर इन्हें देखने को मिलेगा। जनता इन्हें नोच लेगी। इनकी आत्मा तो अटल पार्क,मिनरवा अस्पताल और रीवर फ्रंट में भटकती है।

असंवेदनशील मंत्री इस्तीफा दें
कांग्रेस नेता ने कहा कि जिसकी आत्मा कहीं और टहलती है,ऐसे में अस्पताल में किस दवा से कौन महिलाएं पागल हो रही हैं। कौन-कौन सी अमानक दवाएं मरीजों को देने से किसे क्या नुकसान हुआ, उससे इन्हें कुछ लेना देना नहीं है। स्वास्थ्य मंत्री राजेन्द्र शुक्ला की वजह से प्रदेश में 15 मासूम बच्चों की कोल्ड्रिफ सिरप से मौत हुई है। मासूमों की मौत के लिए सीधे सीधे प्रदेश सरकार और स्वास्थ्य विभाग के मंत्री दोषी हैं।इनकी गंभीर लापरवाही से मासूमों की जान गयी।हैरानी वाली बात है कि दोषियों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। चार लाख रुपए मुआवजा देने से,जिनके बच्चों की मौत हो गयी है,क्या उससे आंसू थम जाएंगे। 16 मासूम बच्चों की मौत की जवाबदेही इन पर बनती है।कांग्रेस की मांग है कि ऐसे असंवदेनशील मंत्री से तत्काल इस्तीफा लिया जाना चाहिए।
अस्पतालों में 76 अमानक दवाएं
कांग्रेस जिला अध्यक्ष ने इंजीनियर राजेन्द्र शर्मा ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री को केवल गाड़ियों में घूमने से मतलब है। शिवराज सिंह के रहमो करम से डिप्टी सीएम बना दिये गये हैं। इन्हें अपने ही विभाग से कोई सारोकार नहीं है। प्रदेश के अस्पपतालों में 76 किस्म की अमानक दवाएं मरीजों को दी जा रही हैं। और कहते हैं कि रीवा को मेडिकल हब बनाएंगे। संजय गांधी अस्पताल में डिलवरी के लिए भर्ती महिलाओं को अमानक ब्यूपी बेकेनिक रिस्थैटिक इंजेक्शन लगाया गया।जिससे कई महिलाओं की याददाश्त चली गयी। सीधी की महिलाएं आज भी पागल हैं।