राष्ट्रमत न्यूज,बालाघाट(ब्यूरो)। नगर पालिका अध्यक्ष भारती ठाकुर ने कांग्रेस पार्षदों के अनिश्चितकालीन सत्याग्रह आंदोलन को ‘पब्लिसिटी स्टंट’ बताया है। उन्होंने विकास कार्यों में अनदेखी, भेदभाव और तानाशाही के विपक्षी आरोपों को बेबुनियाद करार दिया है।विपक्षी कांग्रेस 3 अक्टूबर से नगर पालिका के सामने अनिश्चितकालीन सत्याग्रह आंदोलन कर रही है। कांग्रेस पार्षदों और विधायक अनुभा मुंजारे ने नपाध्यक्ष पर शहर के विकास कार्यों में मनमानी, भेदभाव और तानाशाही का आरोप लगाया है।

सूर्खियों में लाने का तरीका है
नपाध्यक्ष भारती ठाकुर ने बताया कि परिषद में प्रस्ताव क्रमांक 11 हमने लाया है क्यों कि बिना भेदभाव के हमें शहर के 33 वार्डो में काम करना है हम यह कभी नहीं देखते है कि कौन सा वार्ड भाजपा का है और कौन सा कांग्रेसी है। सभी पार्षदों से विचार-विमर्श के बाद प्रस्ताव पास पास किये जाते है वार्डो में काम बचे है इसलिए हमने प्रस्ताव क्र 11 लाया है 37 काम नहीं आये 32 काम आये है। इसका बजट साढ़े 4 करोड़ का बजट एकसाथ टीएस कराने पार्षद सहमत नहीं हुए जिनकी मंशानुरूप अलग-अलग कराने की मंशा थी अलग समझ आ रही है प्रोसेसिंग में समय लगता है। सीएमओ ने सभी पार्षदों को जानकारी दी कि टीएस होने के लिये ऑनलाईन फाईल गई है, ऑफलाईन कराने की बात बताई थी लेकिन फिर भी यह विवाद कर रहे है हड़ताल की जा रही है। अब हमने तय किया है कि अलग-अलग टीएस नहीं कराएंगे एकजाई कराएंगे 3 करोड़ से अधिक की राशि का भोपाल से ही टीएस होता है। नपाध्यक्ष ने कहा कि हम वार्डो को लेकर समान दृष्टि रखते है विपक्ष के द्वारा जो भी हड़ताल की जा रही है यह पब्लिसिटी स्टंट है अपने आप को सूर्खियों में लाने का तरीका है। हड़ताल अनर्गल विषय है वार्डो में बराबर काम हो रहे है। कांग्रेसी वार्डो में स्वच्छता सहित निर्माण कार्य हो रहे है।

क्लीन चिट परिषद को इन्होंने ही दी
नपाध्यक्ष ने बताया कि पहले कभी जल आवर्धन योजना पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाये जाते थे लेकिन पार्षद कारो लिल्हारे ने खुद लिखकर दिया है कि जल आवर्धन योजना से संतुष्ट है सवाल है कि आपने यह किसके दबाव में आपने लिखकर दिया है। जब नगर में स्वच्छता को लेकर रिक्शा, वाहन गाड़ी घोटाले का आरोप लगाया गया तो हमने जांच दल गठित किया जिसमें नेता प्रतिपक्ष कारो लिल्हारे जांच समिति का गठन करने के बाद क्लीन चिट परिषद को इन्होंने ही दी है।
वे अलग-अलग टीएस चाहते थे
उन्होंने आगे बताया कि पार्षद एक साथ टीएस (तकनीकी स्वीकृति) कराने पर सहमत नहीं थे, वे अलग-अलग टीएस चाहते थे, जिसमें अधिक समय लगता। सीएमओ ने सभी पार्षदों को सूचित किया था कि टीएस के लिए फाइल ऑनलाइन भेजी गई है। अब यह तय किया गया है कि अलग-अलग टीएस नहीं कराए जाएंगे। शरद पूर्णिमा के बाद टीएस होकर निविदाएं जारी कर दी जाएंगी।नपाध्यक्ष ने दावा किया कि निकाय निधि से सर्वाधिक कार्य उनके कार्यकाल में हुए हैं। उन्होंने विधायक अनुभा मुंजारे पर विधायक निधि से शहरी क्षेत्रों के वार्डों में काम कराने में भेदभाव का आरोप भी लगाया। भारती ठाकुर ने कहा कि वे सभी वार्डों के प्रति समान दृष्टि रखती हैं और विपक्ष का यह आंदोलन केवल सुर्खियों में आने का एक तरीका है।