लावारिस कुत्ते ने 14 लोगों काटा,दहशतजदा हैं लोग,नगर निगम की आंखे बंद - rashtrmat.com

लावारिस कुत्ते ने 14 लोगों काटा,दहशतजदा हैं लोग,नगर निगम की आंखे बंद

राष्ट्रमत न्यूज बालाघाट(ब्यूरो)। बालाघाट शहर में आवारा खौफनाक कुत्तों का आतंक बढ़ता जा रहा है। लोग जनसुनवाई में इसकी शिकायत कर चुके हैं। लेकिन नगर निगम की चुप्पी हैरान कर रही है। पिछले दस दिनों में 14 लोगों को लावारिस कुत्तों ने काट लिया है। तीन लोगों की मौत भी हो चुकी है। हालात इस कदर बिगड़ गए हैं कि अभिभावक अपने बच्चों को अकेले स्कूल भेजने से कतराने लगे हैं। पता किस गली में कौन कुत्ता बैठा हो और काट ले।

बुरी तरह कुत्तों ने काट लिया

शहर में पिछले दस दिनों में ही 14 से ज्यादा लोगों पर लावारिस कुत्तों ने हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया है। यह आंकड़ा नगर पालिका की नाकामी का सबसे बड़ा प्रमाण है।इन्ही आवारा कुत्तों के आतंक का शिकार बने नवाब नगर निवासी जमीर खान। जिन पर कुछ दिन पहले सुबह के समय कुत्तों के झुंड ने घेरकर अचानक हमला कर दिया। जहां उनके हाथ व पैर पर बुरी तरह कुत्तों ने काट लिया था। घटना के बाद उन्होने तत्काल उपचार लेते हुए एंटी.रेबीज टीके भी लगवाए परंतु रविवार को उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और उनकी मृत्यु भी हो गई।
लवारिस कुत्ते कब पकड़े जाएंगे
जमीर खान की मौत नगरपालिका की सुस्ती और कुत्ता प्रबंधन की विफल व्यवस्था पर एक खुली चार्जशीट है। शहरवासियों का कहना है कि जब कुत्तों का आतंक महीनों से बढ़ता जा रहा है तो आखिर नगरपालिका ने उन्हें पकड़ने के लिए अभियान क्यों नहीं चलाया। क्यों हर शिकायत पर सिर्फ जल्द कार्रवाई होगी का जवाब देकर मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है।क्या प्रशासन वास्तव में किसी बड़ी घटना के इंतजार में थाघ् अब जब एक परिवार ने अपना सदस्य खो दिया है तो क्या अब जिम्मेदार जागेंगे।


झुंड में घूमते हैं लावारिस कुत्ते
बालाघाट शहर की सड़कों पर इन दिनों रात के समय कुत्तों के झुंड खुलेआम घूमते दिखाई देते हैं। न तो इनका कोई टीकाकरण अभियान चलाया गया,न ही इन पर निगरानी रखने का कोई ठोस प्रबंध। नगर पालिका की पशु नियंत्रण शाखा पूरी तरह निष्क्रिय पड़ी है। कई मोहल्लों के लोगों ने शिकायतें कीं फोटोवीडियो भेजे लेकिन कार्रवाई के नाम पर सिर्फ आश्वासन मिलता रहा। जनता पूछ रही है जब नगरपालिका में करोड़ों का बजट आता है तो कुत्तों को पकड़ने की व्यवस्था क्यों नहीं हो पा रही।
कब तक कुत्ते काटते रहेंगे
शहर के कई मोहल्लों में कुत्तों का बड़ा समूह पूरी रात घूमता रहता है। कई बार बच्चों के स्कूल जाने पर महिलाओं के सुबह.शाम बाजार जाने पर और बुजुर्गों के टहलने के समय कुत्तों द्वारा पीछा करने और हमला करने की घटनाएं सामने आती रहती हैं। शहरवासियों की मांग है कि तुरंत प्रभाव से लावारिस कुत्तों को पकड़ने का तत्काल विशेष अभियान चलाया जाए। अन्यथा घटनायें आगे भी सुनने व देखने मिलेगी। आए दिन किसी न किसी के साथ कुत्तों के काटने का मामला सामने आ रहा है। क्षेत्र के बब्बू मिस्त्री की कुत्ते के काटने से मृत्यु हो गई वहीं 05 दिन पहले एक 08 साल की बच्ची को कुत्ते ने काट दिया है जिसकी हालत नाजूक है। नागरिकों ने जिला प्रशासन से इस पर आवश्यक कार्यवाही की गुहार लगाई है।