राष्ट्रमत न्यूज,अहमदाबाद/ नई दिल्ली(ब्यूरो)।गुजरात की भूपेंद्र पटेल सरकार में लंबे समय से प्रतीक्षित मंत्रिमंडल फेरबदल अब अंतिम चरण में है। गुजरात सरकार के सभी मंत्रियों ने गुरुवार को इस्तीफा दे दिया है। यह बदलाव राज्य की राजनीति में एक नया अध्याय जोड़ने वाला है, जहां पुराने चेहरों को विदाई देकर युवा और नए नेताओं को जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं। शुक्रवार को होने वाले शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां जोरों पर हैं। जिसमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा भी शिरकत करने वाले हैं।यह फेरबदल सरकार के लगभग तीन साल पूरे होने पर हो रहा है, जो राज्यव्यापी स्थानीय निकाय चुनावों से महज कुछ महीनों पहले हैण् इन चुनावों में महानगर निगमों, नगरपालिकाओं, जिला पंचायतों और तालुका पंचायतों के लिए वोटिंग होगी।राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि यह बदलाव भाजपा को चुनावी लाभ देने के लिए रणनीतिक कदम हो सकता है।

8-10 मंत्री इस्तीफा दे सकते हैं
दीपावली से ठीक पहले गुजरात मंत्रिमंडल में फेरबदल होने जा रहा है। गुरुवार की रात 8 बजे मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सभी मंत्रियों को अपने घर बुलाया है। बताया जा रहा है कि यहां 8-10 मंत्री इस्तीफा दे सकते हैं। माना जा रहा है कि कांग्रेस से बीजेपी में आने वालों को मंत्री पद मिलने की संभावना है। वैसे मंत्री बनने की रेस में महिलाएं भी हैं।रिवाबा जाड़ेजा,संगीता पाटिल और दर्शिता शाह के नाम आगे चल रहे हैं।गुजरात की मौजूदा कैबिनेट में सीएम पटेल समेत 17 मंत्री हैं। जिसमें आठ कैबिनेट रैंक के मंत्री हैं,जबकि इतने ही राज्य मंत्री हैं।

नड्डा की उपस्थिति में होगा शपथ ग्रहण
नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण शुक्रवार, 17 अक्टूबर को सुबह 11:30 बजे गांधीनगर के महात्मा मंदिर में भाजपा के केंद्रीय नेताओं अमित शाह, जेपी नड्डा की उपस्थिति में होगा।गुजरात की मौजूदा कैबिनेट में सीएम पटेल समेत 17 मंत्री हैं। जिसमें आठ कैबिनेट रैंक के मंत्री हैं, जबकि इतने ही राज्य मंत्री हैं।सभी भाजपा विधायकों और मंत्रियों को 2 दिन तक गांधीनगर में मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं। जिन विधायकों को मंत्रिमंडल में जगह मिलनी है, उन्हें फोन कर सूचना दे दी गई है।
कांग्रेस से आए नेताओं को तरजीह
नए मंत्रिमंडल में 16 में से 7-10 मंत्रियों को ड्रॉप करने और 5-7 मंत्रियों को रिपीट किए जाने की चर्चा है। नए चेहरों में कांग्रेस से आए अर्जुन मोढवाड़िया, अल्पेश ठाकोर, सीजे चावड़ा और हार्दिक पटेल को मौका मिल सकता है।सौराष्ट्र से जयेश रादडिया और जीतू वाघानी को मंत्रिमंडल में जगह मिलना तय है। खासकर पाटीदारों और उत्तर गुजरात से ठाकोर समुदाय को तवज्जो दिया जाएगा।इसके अलावा, जिन राज्य मंत्रियों को हटाए जाने की संभावना है, उनमें मत्स्य पालन और पशुपालन मंत्री पुरुषोत्तम सोलंकी, पंचायत मंत्री बच्चूभाई खाबर, वन एवं पर्यावरण मंत्री मुकेश पटेल, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री भीखूसिंह परमार और आदिवासी विकास मंत्री कुंवरजी हलपति शामिल हैं।