बालाघाट में इकोपल्स-प्रकृति का पोषण करें' थीम पर जुटेंगे 600 डॉक्टर - rashtrmat.com

बालाघाट में इकोपल्स-प्रकृति का पोषण करें’ थीम पर जुटेंगे 600 डॉक्टर

राष्ट्रमत न्यूज,बालाघाट(ब्यूरो)। प्रकृति से आच्छादित बालाघाट जिले में पहली बार आईएमए की तीन दिवसीय स्टेट कांफ्रेस का आयोजन किया जा रहा है। इकोपल्स.प्रकृति का पोषण करें थीम पर आयोजित कांफ्रेस में दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, नागपुर सहित प्रदेश के भोपाल, इंदौर, ग्वालियर सहित अन्य जिलो से तकरीबन 6 सौ डाॅक्टर जुटेंगे। जो डब्ल्युएचओ की धारणा, प्रकृति से मानसिक, शारीरिक, सामाजिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य को जोड़ने पर चर्चा करेंगे।

विभिन्न शहरों से चिकित्सक जुटेंगे

  जिले के वारासिवनी स्थित एक मलय फार्म में आगामी 3 से 5 अक्टूबर तक होने वाली स्टेट कांफ्रेस की आईएमए प्रदेश अध्यक्ष डॉ. बी.एम. शरणागत, महिला प्रतिनिधि डॉ. अर्चना शुक्ला, जिला अध्यक्ष डॉ. प्रवीण ज्योतिषी ने, कांफ्रेस में जानकारी दी। कांफ्रेंस 3 से 5 अक्टूबर तक जिले के वारासिवनी स्थित एक मलय फार्म में होगी। इसमें दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, नागपुर सहित भोपाल, इंदौर और ग्वालियर जैसे प्रदेश के विभिन्न शहरों से चिकित्सक जुटेंगे। वे विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की अवधारणा पर चर्चा करेंगे, जिसमें मानसिक, शारीरिक, सामाजिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य को प्रकृति से जोड़ने पर जोर दिया गया है।

प्रकृति के प्रति जागरूक हो सकें

IMA महिला प्रतिनिधि डॉ. अर्चना शुक्ला ने बताया कि ‘इकोपल्स-नरचर द नेचर’ थीम WHO की धारणा पर आधारित है। उन्होंने चिकित्सा को प्रकृति से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। डॉ. शुक्ला ने कहा कि कीटनाशकों के उपयोग के प्रति लोगों को जागरूक करना डॉक्टरों की जिम्मेदारी है, जिसके लिए प्रकृति का संरक्षण आवश्यक है। बालाघाट को इसकी हरियाली और कम प्रदूषण के कारण चुना गया है, ताकि डॉक्टर भी प्रकृति के प्रति जागरूक हो सकें।   इसके अलावा कांफ्रेस में वोकल फॉर लोकल, आयुष्मान, सशक्त नारी स्वस्थ्य समाज पर भी फोकस होगा। आईएमए प्रदेश अध्यक्ष डॉ. बी.एम. शरणागत ने बताया कि कांफ्रेस में चिकित्सा क्षेत्र में नई साईंटिफिक चिकित्सा, सीपीआर, चिकित्सीय ज्ञान का अपडेट जैसे सत्रो में विशेषज्ञ चिकित्सक जानकारी प्रदान करेंगे।